खनन माफिया का दुस्साहस, पुलिस को घेरकर टिप्पर छुड़ाया

स्कॉर्पियो में आए बदमाश, सरकारी कार्रवाई में बाधा

हरियाणा के पंचकूला जिले में खनन माफियाओं के हौसले इस कदर बुलंद नजर आए कि उन्होंने पुलिस टीम को घेरकर जब्त किया गया टिप्पर ही छुड़ा लिया। यह सनसनीखेज घटना उस समय हुई, जब पुलिस अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एक टिप्पर को कब्जे में लेकर थाने ले जा रही थी। इसी दौरान स्कॉर्पियो गाड़ियों में सवार होकर आए माफियाओं ने रास्ता रोक लिया और पुलिस पर दबाव बनाकर टिप्पर छुड़ा ले गए।

जानकारी के मुताबिक, खनिज विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने अवैध खनन में लिप्त एक टिप्पर को पकड़ा था। जैसे ही टीम वाहन को लेकर आगे बढ़ी, तभी पीछे से स्कॉर्पियो में सवार 8-10 लोग मौके पर पहुंच गए। आरोपियों ने पुलिस को चारों ओर से घेर लिया और धमकाते हुए टिप्पर छुड़ाकर ले गए। कुछ देर के लिए मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

घटना की सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई, जिसके बाद पुलिस ने तुरंत नाकाबंदी कर आरोपियों का पीछा शुरू किया। करीब कुछ किलोमीटर तक चले पीछा अभियान के बाद पुलिस ने दो आरोपियों को दबोच लिया, जबकि अन्य आरोपी अंधेरे और इलाके की भौगोलिक स्थिति का फायदा उठाकर फरार हो गए।

पुलिस ने पकड़े गए दोनों आरोपियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा, पुलिस से छीना-झपटी और अवैध खनन समेत कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया है। साथ ही फरार आरोपियों की तलाश के लिए विशेष टीमें गठित कर दी गई हैं।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अवैध खनन के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और किसी भी हाल में माफियाओं को बख्शा नहीं जाएगा। इस घटना से यह भी साफ हो गया है कि खनन माफिया किस कदर संगठित और बेखौफ हो चुका है। प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि जल्द ही सभी फरार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

फर्जी अफसर बनकर छात्र से ठगी, एक लाख से ज्यादा ऐंठे

लड़की से जुड़े मुकदमे का डर दिखाया,

थर्ड डिग्री टॉर्चर की वीडियो दिखाकर वसूले 1.17 लाख

हरियाणा के बहादुरगढ़ में पुलिस अधिकारी बनकर छात्र से 1.17 लाख रुपये की ठगी का गंभीर मामला सामने आया है। आरोपी ने खुद को डीएसपी बताकर एक छात्र को केस में फंसाने की धमकी दी और थर्ड डिग्री टॉर्चर की वीडियो दिखाकर डराया। घबराए छात्र ने डर के कारण अलग-अलग किश्तों में ठग को 1 लाख 17 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए।

पीड़ित छात्र के अनुसार, उसे एक अनजान नंबर से कॉल आई थी। कॉल करने वाले व्यक्ति ने खुद को बहादुरगढ़ का डीएसपी बताते हुए कहा कि उसके खिलाफ एक लड़की ने गंभीर आरोप लगाए हैं और जल्द ही उसकी गिरफ्तारी होने वाली है। आरोपी ने छात्र को यह भी कहा कि यदि उसने तुरंत पैसे नहीं दिए तो उसे थाने बुलाकर थर्ड डिग्री टॉर्चर दिया जाएगा।

छात्र का भरोसा जीतने के लिए आरोपी ने मोबाइल पर कथित थर्ड डिग्री टॉर्चर की एक वीडियो भी भेजी, जिससे वह और ज्यादा डर गया। आरोपी ने कहा कि मामले को “सेट” कराने के लिए उसे पैसों की जरूरत है। डर और घबराहट में छात्र ने आरोपी के बताए गए खाते में अलग-अलग तारीखों में कुल 1.17 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए।

कुछ समय बाद जब आरोपी का मोबाइल नंबर बंद हो गया और कोई कार्रवाई भी नहीं हुई, तब छात्र को ठगी का एहसास हुआ। इसके बाद पीड़ित ने हिम्मत जुटाकर पुलिस को सारी जानकारी दी और शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस ने पीड़ित के बयान के आधार पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ ठगी, धमकी और फर्जी पहचान से धोखाधड़ी की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। बैंक खातों की जांच शुरू कर दी गई है, जिनमें पैसे ट्रांसफर हुए थे।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह साइबर ठगी का मामला प्रतीत होता है और आरोपी की पहचान के लिए तकनीकी साक्ष्यों का सहारा लिया जा रहा है। जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।